💥 सरकारी निर्माण की खुली पोल: भगोरा में घटिया काम, 3 माह में जर्जर ढांचा
👉 51.43 लाख से बने थे कई निर्माण कार्य👉 3 महीने में ही चबूतरा हुआ क्षतिग्रस्त👉 शौचालय निर्माण में भी घटिया सामग्री का आरोप👉 ग्रामीणों ने की जांच और कार्रवाई की मांग

जशपुर। जिले के कृषि विपणन मंडी बोर्ड योजना के तहत खरीदी केंद्र भगोरा में निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। यहां करीब 20 लाख रुपये की लागत से बनाया गया चबूतरा सेट महज तीन महीने के भीतर ही क्षतिग्रस्त हो गया। हाल ही में चली तेज हवा ने इस निर्माण की पोल खोलकर रख दी, जिससे निर्माण कार्य में भारी लापरवाही की आशंका जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, शासन द्वारा किसानों की उपज को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से भगोरा खरीदी केंद्र में बुनियादी सुविधाओं के विकास के लिए 51.43 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी। इस राशि से बाउंड्रीवाल, चबूतरा, अल्वेस्टर (शेड) सेट, शौचालय और कृषि सेवा केंद्र का निर्माण कराया गया था।
लेकिन निर्माण कार्य पूर्ण होने के कुछ ही महीनों बाद उसकी गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। चबूतरा सेट का हिस्सा हाल ही में चली हवा में क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे स्पष्ट है कि निर्माण में मानकों का पालन नहीं किया गया। स्थानीय लोगों और किसानों का आरोप है कि निर्माण कार्य में घटिया सामग्री का उपयोग किया गया, जिसके कारण इतनी जल्दी संरचना कमजोर हो गई।
इतना ही नहीं, खरीदी केंद्र में बनाए गए शौचालय के निर्माण को लेकर भी गुणवत्ता हीन सामग्री के उपयोग की बात सामने आ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण कार्य में अनियमितता बरती गई और जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा उचित निगरानी नहीं की गई।
इस मामले के सामने आने के बाद अब जिम्मेदार विभाग और निर्माण एजेंसी पर सवाल उठने लगे हैं। ग्रामीणों और किसानों ने पूरे निर्माण कार्य की जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की लापरवाही दोबारा न हो।
