खाद-बीज और ऋण में अब नहीं होगी परेशानी, फरसाबहार में बढ़ीं सहकारिता समितियां

जशपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मंगलवार को पूरे प्रदेश में 515 सहकारी समितियों का वर्चुअल शुभारंभ किया। इसी कड़ी में विकासखंड फरसाबहार के किसानों के लिए भी यह पहल बेहद महत्वपूर्ण साबित हुई, जहां क्षेत्र को 4 नई सहकारिता समितियों की सौगात मिली।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय एवं केदारनाथ कश्यप ने वर्चुअल वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इन समितियों का उद्घाटन कर उन्हें पूर्ण समिति का दर्जा प्रदान किया।
इन मंडियों को मिला सहकारिता समिति का दर्जा
इस पहल के तहत समडमा, गझियाडीह, भगोरा और फरसाबहार मंडी को नवीन सहकारिता समिति का दर्जा दिया गया। इसके साथ ही अब विकासखंड में समितियों की कुल संख्या बढ़कर 6 हो गई है। पहले से संचालित कोनपारा और तपकरा समितियां भी इसमें शामिल हैं।
दो समितियों पर था पूरे क्षेत्र का भार
अब तक पूरे विकासखंड के किसानों की जिम्मेदारी केवल कोनपारा और तपकरा समितियों पर ही निर्भर थी। किसानों की संख्या अधिक होने के कारण इन समितियों पर कार्यभार काफी बढ़ गया था।
इसका असर खाद वितरण, ऋण स्वीकृति और अन्य कृषि सेवाओं पर पड़ रहा था। कई किसानों को समय पर खाद नहीं मिल पाता था, वहीं ऋण वितरण में देरी की शिकायतें भी सामने आती थीं। दूरस्थ गांवों के किसानों को छोटी-छोटी जरूरतों के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी।
नई समितियों से किसानों को मिलेगी राहत
नई समितियों के गठन से अब किसानों को अपने क्षेत्र में ही खाद, बीज और ऋण जैसी सुविधाएं मिल सकेंगी। इससे समय की बचत होगी और कृषि कार्यों में तेजी आएगी।
विशेषकर दूरस्थ और अंतिम छोर के गांवों के किसानों के लिए यह पहल बड़ी राहत लेकर आई है।
वर्चुअल कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति
समडमा में आयोजित वर्चुअल कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष दिलीप साहू, महामंत्री बिनोद पैंकरा, प्रबंधक देवेंद्र कुमार प्रधान, जिला सहसंयोजक (सहकारिता प्रकोष्ठ) मनोज कुमार जायसवाल, सरपंच केलमा कुजूर, नोडल अधिकारी के.के. एका, संतोष जायसवाल, मुकेश कुमार पैंकरा सहित कई जनप्रतिनिधि एवं किसान मौजूद रहे।
वहीं भगोरा में भी खगेश्वर चक्रेश सहित बड़ी संख्या में किसानों ने कार्यक्रम में भाग लिया और नई समितियों के गठन पर खुशी जताई।

फरसाबहार में भी हुआ कार्यक्रम आयोजित
आदिम जाति सेवा सहकारी समिति फरसाबहार प्रांगण में आयोजित कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य वेद प्रकाश भगत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
इस दौरान सभापति दयानिधि मानिक, बीडीसी बॉबी यादव, राजकुमारी भगत, मंडल उपाध्यक्ष चम्पावती सिंह, राधिका पैंकरा, सरिता पैंकरा, सरपंच श्रीमती विभूति, दीपक चौहान, पारस साय, जतन सिंह, फतेह सिंह, दुर्योधन पटेल, नंदलाल यादव, प्रियांश भगत, मुकेश परहा, देव कुमार साय सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, कार्यकर्ता और किसान मौजूद रहे।
प्रचार-प्रसार के अभाव में कम रही भागीदारी
इतने महत्वपूर्ण आयोजन के बावजूद अपेक्षित संख्या में किसान कार्यक्रम में नहीं पहुंच सके। बताया जा रहा है कि पर्याप्त प्रचार-प्रसार नहीं होने के कारण कई ग्रामीणों को इसकी जानकारी नहीं मिल पाई।
जिसके चलते कार्यक्रम की उपस्थिति सीमित रही और आयोजन आंशिक रूप से औपचारिक नजर आया।
