जशपुर। प्रदेश में युवाओं के भविष्य को सशक्त और उज्ज्वल बनाने के उद्देश्य से कौशल विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार विभिन्न योजनाओं और प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं को हुनरमंद बनाकर उन्हें रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ रही है।राज्य का स्पष्ट संकल्प है कि छत्तीसगढ़ का युवा अब केवल अवसरों का इंतज़ार न करे, बल्कि अपने कौशल और क्षमता के बल पर स्वयं अवसरों का निर्माण करे। इसके लिए युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण, व्यावसायिक शिक्षा और उद्यमिता से जोड़ने के प्रयास लगातार किए जा रहे हैं।कौशल विकास कार्यक्रमों के तहत युवाओं को विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण देकर उन्हें उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार किया जा रहा है, ताकि वे न केवल रोजगार प्राप्त कर सकें, बल्कि खुद का व्यवसाय शुरू कर दूसरों को भी रोजगार दे सकें।सरकार की इस पहल से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के युवाओं को लाभ मिल रहा है। विशेष रूप से दूरस्थ इलाकों के युवाओं के लिए यह एक बड़ा अवसर साबित हो रहा है, जहां पहले रोजगार के सीमित साधन उपलब्ध थे।“हुनर से आत्मनिर्भर युवा, और आत्मनिर्भर युवा से विकसित छत्तीसगढ़”— इसी सोच के साथ राज्य सरकार आगे बढ़ रही है।इस दिशा में किए जा रहे प्रयास न केवल युवाओं के जीवन स्तर को सुधार रहे हैं, बल्कि प्रदेश की आर्थिक प्रगति को भी नई गति दे रहे हैं। आने वाले समय में कौशल विकास ही छत्तीसगढ़ को विकास के नए आयाम तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
